देहरादून। राजधानी देहरादून के प्रेमनगर कैंट स्थित जूनियर हाईस्कूल में छात्रों से पेंटिंग का काम कराने का मामला सामने आया है, जिससे स्कूल प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद कैंट बोर्ड ने संबंधित शिक्षिका को कारण बताओ नोटिस जारी किया है।

जानकारी के अनुसार, बुधवार को स्थानीय लोगों ने देखा कि स्कूल परिसर में छोटे बच्चों से दीवारों और फर्नीचर पर पेंटिंग कराई जा रही थी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बच्चे हाथों में पेंट ब्रश लिए काम कर रहे थे। जब अभिभावकों और स्थानीय नागरिकों ने इसका विरोध किया तो मौके पर मौजूद शिक्षिका ने सफाई देते हुए कहा कि बच्चों को काम के बदले 100-100 रुपये दिए गए हैं। यह बयान सामने आने के बाद मामला और तूल पकड़ गया।

सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में लोगों को शिक्षिका से सवाल-जवाब करते देखा जा सकता है। विरोध बढ़ने पर बच्चे काम छोड़कर वहां से बाहर निकल गए। घटना ने शिक्षा व्यवस्था और बच्चों के अधिकारों को लेकर नई बहस छेड़ दी है।

मामले की शिकायत मिलने पर देहरादून कैंट बोर्ड के सीईओ हरेंद्र सिंह ने तत्काल संज्ञान लिया। उन्होंने कहा कि स्कूल में छात्रों से पेंटिंग कराना अत्यंत गंभीर मामला है और नियमों के विरुद्ध है। संबंधित शिक्षिका को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब तलब किया गया है। संतोषजनक जवाब न मिलने पर नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

कैंट बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि बच्चों से किसी भी प्रकार का श्रम कराना स्वीकार्य नहीं है और दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।