देहरादून। चारधाम यात्रा के दौरान बदरीनाथ और केदारनाथ धाम में श्रद्धालुओं द्वारा चढ़ाए जाने वाले दान और चढ़ावे की निगरानी को लेकर बदरी-केदार मंदिर समिति (बीकेटीसी) ने सतर्कता बढ़ा दी है। समिति ने अधिकारियों और संबंधित कर्मचारियों को चढ़ावे का पूरा लेखा-जोखा पारदर्शी ढंग से रखने तथा प्रत्येक प्रक्रिया का नियमित रिकॉर्ड तैयार करने के निर्देश दिए हैं।

बीकेटीसी का कहना है कि यात्रा सीजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालु दोनों धामों में दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं। ऐसे में दानपात्रों में आने वाली राशि और अन्य चढ़ावे का सही प्रबंधन सुनिश्चित करना आवश्यक है। समिति ने स्पष्ट किया है कि चढ़ावे की गणना, रिकॉर्ड संधारण और जमा करने की प्रक्रिया निर्धारित नियमों के अनुसार ही पूरी की जाएगी, ताकि किसी प्रकार की अनियमितता की गुंजाइश न रहे।

समिति ने संबंधित अधिकारियों को नियमित निगरानी करने और सभी अभिलेखों को अद्यतन रखने के निर्देश दिए हैं। साथ ही आवश्यकता पड़ने पर समय-समय पर रिकॉर्ड का सत्यापन भी किया जाएगा। बीकेटीसी का उद्देश्य श्रद्धालुओं के विश्वास को बनाए रखना और मंदिर प्रशासन की कार्यप्रणाली को अधिक पारदर्शी एवं जवाबदेह बनाना है।

चारधाम यात्रा के दौरान हर वर्ष लाखों श्रद्धालु बदरीनाथ और केदारनाथ धाम पहुंचते हैं। ऐसे में बीकेटीसी ने सभी कर्मचारियों से जिम्मेदारी और ईमानदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने की अपील की है। समिति का मानना है कि पारदर्शी लेखा व्यवस्था से श्रद्धालुओं का भरोसा और मजबूत होगा तथा मंदिर प्रशासन की कार्यप्रणाली अधिक प्रभावी बन सकेगी।