देहरादून। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने देशभर में छात्रों और प्रतियोगी परीक्षा अभ्यर्थियों के समर्थन में 40 दिवसीय राष्ट्रव्यापी “छात्रों की गूंज” अभियान की शुरुआत की है। अभियान के तहत 28 प्रमुख शहरों में छात्रों, कोचिंग संस्थानों, कॉलेज परिसरों और पुस्तकालयों में जनसंपर्क कार्यक्रम चलाए जाएंगे। देहरादून के उत्तरांचल प्रेस क्लब में आयोजित प्रेसवार्ता में राज्यसभा सांसद रंजीत रंजन और कांग्रेस नेता प्रीतम सिंह ने अभियान की जानकारी देते हुए केंद्र सरकार की परीक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए।

रंजीत रंजन ने आरोप लगाया कि लगातार हो रहे पेपर लीक, परीक्षाओं के रद्द होने, परिणामों में देरी और राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की कार्यप्रणाली से लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है। उन्होंने कहा कि नीट यूजी 2026 पेपर लीक मामले ने परीक्षा प्रणाली पर छात्रों का भरोसा कमजोर किया है। कांग्रेस ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देने तथा पेपर लीक से जुड़े कथित नेटवर्क की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।

प्रीतम सिंह ने कहा कि यह केवल नीट परीक्षा का नहीं, बल्कि पूरे शिक्षा तंत्र और युवाओं के भविष्य का मुद्दा है। कांग्रेस ने परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार, एनटीए की कार्यप्रणाली की समीक्षा और तय वार्षिक परीक्षा एवं भर्ती कैलेंडर लागू करने की मांग दोहराई।

अभियान के तहत 30 जून से छात्र संपर्क कार्यक्रम, जुलाई में कैंपस अभियान, 1 अगस्त को 28 शहरों में कलेक्ट्रेट घेराव तथा 9 अगस्त को “दिल्ली चलो” कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। प्रेसवार्ता के दौरान “छात्रों की गूंज” अभियान का पोस्टर भी जारी किया गया, जिसमें विभिन्न कांग्रेस नेताओं और नीट अभ्यर्थियों ने भाग लिया।

You missed