देहरादून। मोहब्बेवाला में चार लोगों की जान लेने वाले भीषण सड़क हादसे के बाद पुलिस ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) और लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के खिलाफ लापरवाही का मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस का आरोप है कि सड़क निर्माण और यातायात सुरक्षा से जुड़ी गंभीर खामियों की जानकारी होने के बावजूद संबंधित विभागों ने उन्हें दूर करने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया। इस मामले में चार नवंबर की रात पटेलनगर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
पुलिस के अनुसार, मोहब्बेवाला चौक के पास बुधवार को एक कंटेनर और कार के बीच भीषण हादसा हुआ था। हादसे में कार सवार चार लोगों की मौत हो गई थी, जबकि छह वर्षीय बच्चे को सुरक्षित बचा लिया गया था। इस दुर्घटना के बाद सड़क की बनावट और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हुए थे।
आईएसबीटी चौकी प्रभारी जयवीर सिंह की ओर से दी गई तहरीर में बताया गया है कि नवनिर्मित एनएच-72ए (दिल्ली-देहरादून-पांवटा मार्ग) पर यातायात को सुरक्षित बनाने के लिए पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए हैं। सड़क पर जरूरी साइन बोर्ड, यातायात चिह्न, रिफ्लेक्टर और चेतावनी संकेतकों की कमी है। इसके अलावा रात के समय रोशनी की पर्याप्त व्यवस्था भी नहीं है।
तहरीर में मोहब्बेवाला के पास सड़क किनारे बने गड्ढों, अचानक आने वाले तीव्र मोड़ों और ढलान को भी दुर्घटनाओं की प्रमुख वजह बताया गया है। पुलिस का कहना है कि इन खामियों के कारण वाहन चालकों को सड़क की वास्तविक स्थिति का सही अंदाजा नहीं लग पाता, जिससे हादसों का खतरा बना रहता है।
पहले भी हो चुके हैं कई हादसे
पुलिस की तहरीर के मुताबिक, मोहब्बेवाला क्षेत्र में पहले भी कई सड़क दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। इनमें कई लोगों की जान जा चुकी है और अनेक लोग घायल हुए हैं। पुलिस की ओर से संबंधित कार्यदायी संस्थाओं को कई बार पत्र भेजकर सड़क सुरक्षा के जरूरी इंतजाम करने की मांग की गई थी, लेकिन इसके बावजूद प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई।
मामले में पटेलनगर थाने में एनएचएआई और पीडब्ल्यूडी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 106(1), 125(ए), 125(बी) और 281 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले की जांच उपनिरीक्षक को सौंपी गई है। पुलिस अब सड़क निर्माण में कथित लापरवाही, सुरक्षा मानकों और हादसे के कारणों की जांच कर रही है। इस कार्रवाई के बाद सड़क सुरक्षा के इंतजामों को लेकर दोनों विभागों की जवाबदेही पर सवाल खड़े हो गए हैं।
