नैनीताल। उत्तराखंड में वन्यजीव तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए वन विभाग और उत्तराखंड एसटीएफ की संयुक्त टीम ने पंगोट रोड से एक तस्कर को दो तेंदुओं की खाल और भारी मात्रा में हड्डियों के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान महेश सिंह कपकोटी निवासी कपकोट, जिला बागेश्वर के रूप में हुई है।
शुक्रवार को मुखबिर से सूचना मिलने के बाद डीएफओ आकाश गंगवार और एसडीओ ममता चंद के निर्देश पर वन विभाग की टीम ने एसटीएफ के साथ पंगोट रोड क्षेत्र में गश्त शुरू की। इस दौरान पॉलिटेक्निक कॉलेज से लगभग 300 मीटर आगे सड़क किनारे एक संदिग्ध व्यक्ति दिखाई दिया। टीम को देखकर वह भागने की कोशिश करने लगा, लेकिन सतर्कता से उसे पकड़ लिया गया। तलाशी में उसके पास एक कट्टे से दो तेंदुओं की खाल और हड्डियां बरामद हुईं।
पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि वह वन्यजीव अंगों की तस्करी के उद्देश्य से इन्हें नैनीताल लाया था, जहां इन्हें किसी बाहरी पार्टी को बेचने की योजना थी। प्रारंभिक जांच में खाल और हड्डियों के लगभग छह माह पुराने होने की संभावना जताई जा रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि तेंदुओं का शिकार कब और किस जंगल क्षेत्र में किया गया।
वन विभाग के अनुसार तेंदुआ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 की अनुसूची-1 में शामिल संरक्षित प्रजाति है। इसके शिकार और अवैध व्यापार पर सख्त प्रतिबंध है। आरोपी के खिलाफ नगरपालिका फॉरेस्ट रेंज नैनीताल में मुकदमा दर्ज कर उसे शनिवार को न्यायालय में पेश किया जाएगा।
कार्रवाई में वन क्षेत्राधिकारी ललित मोहन कार्की, जू आनंद लाल, वन दरोगा विमला नगरकोटी, सौरभ, वन आरक्षी राजेंद्र कुमार वर्मा, गोविंद सिंह समेत नैना और नगर पालिका रेंज की टीम शामिल रही। संयुक्त टीम अब तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है।
