देहरादून। अंकिता भंडारी हत्याकांड में कथित वीआईपी के नाम का खुलासा और सीबीआई जांच की मांग को लेकर कांग्रेस ने शुक्रवार को जोरदार प्रदर्शन किया। युवा कांग्रेस की प्रदेश उपाध्यक्ष स्वाति नेगी के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने प्रदेश कांग्रेस कार्यालय से एस्लेहॉल चौक तक भाजपा सरकार की प्रतीकात्मक शव यात्रा निकाली और इसके बाद पुतला दहन किया।

प्रदर्शन के दौरान स्वाति नेगी ने आरोप लगाया कि हत्याकांड में पूर्व भाजपा विधायक और एक महिला के बीच हुई बातचीत में वीआईपी का नाम सामने आया है, लेकिन इसके बावजूद अब तक उस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार मामले को दबाने का प्रयास कर रही है। स्वाति नेगी ने यह भी आरोप लगाया कि पूर्व जिला पंचायत सदस्य आरती गौड़ के इशारे पर बुलडोजर चलाया गया, ताकि सबूतों को नष्ट किया जा सके।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार सीबीआई जांच कराने से लगातार पीछे हट रही है, जबकि मुख्यमंत्री ने पहले अंकिता के माता-पिता से बातचीत के बाद सीबीआई जांच कराने की घोषणा की थी। अब जब अंकिता भंडारी के माता-पिता दोनों ने सुप्रीम कोर्ट के जज की निगरानी में सीबीआई जांच की मांग की है, तो सरकार को इससे डर क्यों लग रहा है।

कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि देवभूमि उत्तराखंड में यह जघन्य हत्याकांड भाजपा नेताओं के रिसॉर्ट में हुआ और इसे सरकार व पुलिस का संरक्षण मिला। उन्होंने मांग की कि दोषियों के खिलाफ हत्या और सबूत मिटाने जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जाए और चाहे आरोपी कितना भी बड़ा क्यों न हो, उसे सख्त सजा मिले।

प्रदर्शन में गोदावरी थापली, वीरेंद्र पोखरियाल, ज्योति रौतेला, लालचंद शर्मा, गरिमा मेहरा दसौनी, अभिनव थापर, रॉबिन त्यागी, शुभम चौहान सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।