देहरादून। दोस्तों के साथ पार्टी करने गए 28 वर्षीय दिगंबर धीमान की हत्या के मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने बताया कि ढाई लाख रुपये के लेनदेन को लेकर हुए विवाद में दिगंबर की उसके ही तीन दोस्तों ने बेरहमी से पिटाई कर हत्या कर दी थी। हत्या के बाद शव को ठिकाने लगाने के लिए आरोपियों ने एक टैक्सी चालक को 15 हजार रुपये का लालच दिया था।

पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी हेमंत कुमार, आदिल और वैभव भट्ट उर्फ सज्जू को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त लोहे की रॉड और हथौड़ा भी बरामद कर लिया गया है। जांच के दौरान सामने आया कि तीनों आरोपियों का पहले से आपराधिक इतिहास रहा है, जिसके चलते पुलिस ने उनके पुराने रिकॉर्ड भी खंगाले हैं।

एसएसपी डोबाल ने बताया कि शास्त्रीनगर खाला सीमाद्वार निवासी संतराम ने 11 फरवरी को थाना बसंत विहार में अपने बेटे दिगंबर धीमान की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि उनका बेटा 9 फरवरी से लापता था। 17 फरवरी को मंजू सैनी नामक महिला ने पुलिस को सूचना दी कि उसके पति हेमंत सेमवाल और उसके दो दोस्तों आदिल और संजू ने दिगंबर की हत्या कर दी है।

सूचना के आधार पर पुलिस ने हरिद्वार जिले के श्यामपुर क्षेत्र के जंगल से दिगंबर का शव बरामद किया था। शव को ले जाने में इस्तेमाल की गई कार के चालक को भी गिरफ्तार किया गया है। मामले में आरोपियों के खिलाफ हत्या और साक्ष्य मिटाने की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।